मैथिली समुदाय नियमावली ओ दिशानिर्देश
मैथिली भाषाक डिजिटल भविष्य निर्माणमे प्रत्येक सदस्यक सहभागिता आ शुचिता सुनिश्चित करबाक लेल मार्गदर्शक सिद्धांत।
१. परस्पर आदर ओ शिष्ट संवाद (Respectful Conduct)
मैथिली संस्कृति सदैव 'संवाद ओ शील'क प्रतीक रहल अछि। समुदायमे कोनो प्रकारक अभद्र भाषा, व्यक्तिगत आक्षेप, जातिगत/धार्मिक विद्वेष वा उत्पीड़न कथमपि स्वीकार्य नहि अछि। विमर्शमे मतभेद स्वाभाविक अछि, मुदा अभिव्यक्ति सदैव मर्यादित आ तथ्यपरक होबाक चाही।
२. कॉपीराइट ओ बौद्धिक संपदाक रक्षा (Copyright Integrity)
कोनो अन्य लेखकक रचना बिना यथोचित श्रेय (Attribution) वा अनुमतिसँ अपन नामसँ प्रस्तुत करब वर्जित अछि। जँ रचना सार्वजनिक क्षेत्र (Public Domain) वा प्राचीन लोकपरंपरासँ अछि, तँ ओकर मूल स्रोत (पोथी, गाम, गायक आदि) स्पष्ट रूपेँ उल्लिखित करू।
३. भाषाई ओ आंचलिक विविधताक सम्मान (Linguistic Diversity)
मैथिलीक विभिन्न अंचल (मधुबनी, दरभंगा, सहरसा, पूर्णिया, कटिहार, नेपालक तराई आदि) मे शब्द, उच्चारण आ क्रियापदक आंचलिक रूप पाबल जाइत अछि। समीक्षक लोकनिसँ विनम्र आग्रह अछि जे 'अशुद्ध' आ 'आंचलिक/क्षेत्रीय भिन्नता' क बीचक भेद बुझि निर्णय लिअ। कोनो रचना मात्र एहिकारण अस्वीकृत नहि कएल जा सकैत अछि जे ओ समीक्षकक स्थानीय बोलीक अनुरूप नहि अछि।
४. तथ्यपरकता एवं प्रामाणिकता (Factual Accuracy)
शब्दकोश, व्याकरण वा ऐतिहासिक आलेखमे मिथ्या तथ्य वा मनगढ़ंत व्याख्या नहि जोड़ू। मैथिली भाषाक गौरव ओकर ऐतिहासिक गहराईमे अछि, अतः प्रमाणिक संदर्भ प्रस्तुत करब सर्वोत्तम अभ्यास अछि।
५. पारदर्शी समीक्षा एवं अपील अधिकार (Appeals Process)
प्रत्येक योगदानकर्ताकेँ अपन अस्वीकृत रचना पर ससम्मान अपील (द्वितीय मत) माँगबाक पूर्ण अधिकार अछि। अपील वरिष्ठ समीक्षक आ संपादकीय मंडल द्वारा निष्पक्ष रूपेँ जाँचल जाएत। समीक्षकक दायित्व आलोचना नहि, अपितु रचनाकेँ समृद्ध बनायब अछि।
संकल्प
मैथिली हमर मातृभाषा अछि। एकर गरिमा, समृद्धि आ डिजिटल प्रसार हमरा सभक संयुक्त दायित्व अछि।