बीछल कथा
पं. हरिमोहन झा केर कालजयी प्रतिनिधि कथा सभक प्रामाणिक संग्रह। 'कन्याक जीवन', 'रेलक अनुभव' आ 'शास्त्रार्थ' जेहन अमर मैथिली कथा सभ समाहित।
📑 अध्याय / कथा अनुक्रमणिका (Table of Contents)
कुल 12 खंडबीछल कथा : 1. कन्याक जीवन
-"हे औ पाहुन! देखू, फेर हमरा दस पड़ल। आब अहाँक गोटी कटा गेल।" -"ए तित्तिर दाइ! कन्ना नहि करू। अहाँकें दू खुदरा पड़ल...
बीछल कथा : 2. रेलक अनुभव
वैद्यनाथधामसॅं गाम अबैत रही। ओहि डिब्बामे एक बंगाली सज्जनक परिवार छलैन्ह। बंगाली बाबू, हुनक स्त्री, एक युवती कन्या...
बीछल कथा : 3. आदर्श भोजन
हमर एक मित्र छथि शर्माजी । अमीर लोक कैं किछु ने किछु व्यसन रहिते छन्हि । हिनका नेचुरोपैथीक सनक छैन्ह । एक बेर हुनकर...
बीछल कथा : 4. सासुरक चिह्न
ओहि दिन सन्ध्याकाल पोखरिक घाटपर लालधोतीक जमघट लागल रहय। गामक नवयुवकवृन्द, जनिक विवाह एहि शुद्धमे भेल छैन्ह, सासुरसॅं...
बीछल कथा : 5. बाबाक संस्कार
भगीरथ बाबा जखन बूढ भऽ गेलाह त सातो बेटा उकछि गेलथिन्ह। एही बेटाक खातरि भगीरथ बाबा कामरु ढोयने रहथि, सालो-साल...
बीछल कथा : 6. कालीबाड़ीक चोर
आइसॅं प्रायः बीस वर्ष पहिलुक बात कहैत छी। हम आइ. ए. मे पढैत रही और मुजफ्फरपुर मे ससुरक डेरामे रहैत रही। आब ससुर त...
बीछल कथा : 7. कालाजारक उपचार
अखबारमे बड़का-बड़का मोट हेडलाइनमे बहरायल -'कालाजार फेर आबि गेल।' चारू कात खलबली मचि गेल। कालाजारक उन्मूलन करबाक हेतु...
बीछल कथा : 8. टोटमा
बहुत दिनपर परदेशसॅं चल अबैत रही। घरक हाल-चाल बुझना सात वर्ष भऽ गेल रहय। बुझितहुँ कोना? चिट्ठी-पत्री होइत तखन ने?...
बीछल कथा : 9. विनिमय
गाड़ी तीव्र गतिसॅं जा रहल छल। 'एयरकंडीशन' क तीन गद्दापर तीन जोड़ दंपति विराजमान छलाह-बंगाल, पंजाब आ केरलक, जेना...
बीछल कथा : 10. दरोगाजीक मोंछ
मुंशी नौरंगीलालकें शुरूएसॅं जासूसी उपन्यास पढबाक शौक रहैन्ह। चन्द्रकान्ता, भूतनाथ, मायामहल, पढैत-पढैत हुनको जासूस...
बीछल कथा : 11. द्वादश निदान
ओहि दिन जनताक कल्याणपर विचार करबाक हेतु एक उच्चस्तरीय समिति बैसल छ्ल। दूर-दूरसॅं सदस्यगण आयल छलाह। एक सज्जन बजलाह-सभ...
बीछल कथा : 12. शास्त्रार्थ
एक बेर रेलमे जे मनोरंजन दृश्य देखलहुँ से अद्यावधि नहि बिसरल अछि। हम काशीसॅं पटना अबैत रही। सामने एक भारी भरकम पंडित...